बेंगलुरु।
द्वितीय अखिल भारतीय टी-20 पुलिस क्रिकेट प्रतियोगिता के जोन-बी मुकाबलों में इस बार मैदान पर खाकी का अलग ही रंग देखने को मिला। राज्य पुलिस, केंद्र शासित प्रदेश पुलिस और पैरामिलिट्री बल की कुल 10 टीमों ने टूर्नामेंट में हिस्सा लेकर खेल भावना और आपसी समन्वय का शानदार उदाहरण पेश किया।
कर्नाटक राज्य क्रिकेट एसोसिएशन के सहयोग से सीआरपीएफ कर्नाटक-केरल सेक्टर द्वारा आयोजित यह प्रतियोगिता बेंगलुरु के अलूर क्रिकेट मैदान में खेली जा रही है। जोन-बी के तहत टीमों को दो ग्रुप में बांटा गया है।
ग्रुप-ए में महाराष्ट्र, बिहार, झारखंड, सीआईएसएफ और सीआरपीएफ की टीमें शामिल हैं, जबकि ग्रुप-बी में गुजरात, राजस्थान, गोवा, मध्यप्रदेश और दमन-दीव की टीमें प्रतिस्पर्धा कर रही हैं।
इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता की खास बात यह रही कि दो आईपीएस अधिकारी मैदान में बतौर खिलाड़ी उतरे। ग्रुप-ए की महाराष्ट्र टीम से आईपीएस श्रीधर ने शिरकत की, वहीं ग्रुप-बी में राजस्थान पुलिस टीम से आईपीएस पंकज चौधरी ने खेलते हुए सबका ध्यान खींचा।
राजस्थान टीम के खिलाड़ी पंकज चौधरी ने 51 वर्ष की उम्र में ऑल इंडिया पुलिस टी-20 में हिस्सा लेकर नया कीर्तिमान स्थापित किया। वे इससे पहले राज्य और विश्वविद्यालय स्तर पर क्रिकेट खेल चुके हैं। उनका मैदान में उतरना अधिकारियों और जवानों के लिए प्रेरणास्रोत बना।
आल इंडिया पुलिस स्पोर्ट्स कंट्रोल बोर्ड द्वारा आयोजित यह टूर्नामेंट पुलिस और पैरामिलिट्री बलों के बीच आपसी सहयोग, समन्वय और तनावमुक्त वातावरण को बढ़ावा देने का माध्यम है, जहाँ अधिकारी और जवान खेल के ज़रिए प्रतिस्पर्धा का आनंद ले रहे हैं।
अनुभव के लिहाज़ से महाराष्ट्र, गुजरात और गोवा की टीमें मजबूत मानी जा रही हैं। महाराष्ट्र में मुंबई और पुणे जैसे शहरों में पुलिस टीमें वर्ष भर नियमित मैच खेलती हैं, वहीं गुजरात में पिछले दो दशकों से आयोजित हो रहा डीजीपी कप पुलिस खिलाड़ियों को लगातार मंच देता रहा है।
हालांकि राजस्थान पुलिस टीम का गठन हाल के वर्षों में हुआ है और संसाधनों व सहयोग की कुछ कमी महसूस की जाती है, लेकिन शीर्ष नेतृत्व की रुचि और समर्थन मिलने पर आने वाले समय में राजस्थान पुलिस टीम भी राष्ट्रीय स्तर पर परचम लहराने की क्षमता रखती है।










